दिल्ली मे मंदिर के पास किशोरी से गैंगरेप का आरोप, एक आरोपी मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार
कालकाजी मंदिर के पास 17 वर्षीय किशोरी से कथित सामूहिक दुष्कर्म का मामला, खुद को पुलिसकर्मी बताकर वारदात करने का आरोप; एक आरोपी मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार, दो की तलाश जारी।
संपादकीय सार (मुख्य बिंदु)Key Facts
- १.घटना दक्षिण-पूर्वी दिल्ली के कालकाजी मंदिर के पास हुई।
- २.तीन आरोपियों ने खुद को पुलिसकर्मी बताकर किशोरी और उसके दोस्त को धमकाया।
- ३.किशोरी को उसके दोस्त से अलग कर पार्क के सुनसान हिस्से में दुष्कर्म किया गया।
- ४.एक आरोपी आसिफ को पुलिस मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया गया है।
- ५.मामले में POCSO एक्ट की संबंधित धाराएं लगाई गई हैं।

नई दिल्ली, 22 सितंबर 2026: दक्षिण-पूर्वी दिल्ली के कालकाजी मंदिर के पास एक नाबालिग किशोरी से कथित सामूहिक दुष्कर्म का मामला सामने आया है। पुलिस के मुताबिक, तीन आरोपियों ने खुद को पुलिसकर्मी बताकर किशोरी और उसके 17 वर्षीय दोस्त को धमकाया। इसके बाद आरोपियों ने किशोरी को उसके दोस्त से अलग कर दिया और उसके साथ कथित तौर पर दुष्कर्म किया। घटना 21 सितंबर की शाम की बताई जा रही है।
मंदिर से पार्क तक पहुंची बात
पुलिस के अनुसार, किशोरी शाम करीब 7 बजे अपने दोस्त के साथ कालकाजी मंदिर पहुंची थी। दर्शन के बाद दोनों करीब 7:30 बजे मंदिर और इस्कॉन मंदिर के बीच स्थित आस्था कुंज पार्क की तरफ चले गए। इसी दौरान तीन युवक वहां पहुंचे और खुद को पुलिसकर्मी बताते हुए दोनों से पूछताछ करने लगे। आरोप है कि युवकों ने कानूनी कार्रवाई की धमकी देकर दोनों को डराया और फिर किशोरी को उसके दोस्त से अलग कर दिया।
पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने किशोरी के दोस्त को रोके रखा और किशोरी को पार्क के सुनसान हिस्से में ले गए, जहां उसके साथ कथित सामूहिक दुष्कर्म किया गया। रात करीब 8:45 बजे पुलिस को PCR कॉल मिली, जिसके बाद टीम मौके पर पहुंची। किशोरी को मेडिकल जांच के लिए अस्पताल ले जाया गया।
POCSO के तहत मामला दर्ज
पुलिस ने किशोरी के बयान के आधार पर मामला दर्ज किया है। चूंकि पीड़िता नाबालिग है, इसलिए मामले में POCSO Act की संबंधित धाराएं भी लगाई गई हैं। पुलिस घटनास्थल और आसपास के इलाकों की CCTV फुटेज खंगाल रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि घटना के समय पार्क और आसपास कौन-कौन लोग मौजूद थे।
एक आरोपी मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार
22 सितंबर को मामले में बड़ा अपडेट सामने आया। पुलिस के मुताबिक, एक संदिग्ध आरोपी की पहचान आसिफ के रूप में हुई है और उसे पुलिस मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया गया। पुलिस का कहना है कि आरोपी ने रोकने की कोशिश के दौरान गोली चलाई, जिसमें एक पुलिसकर्मी की बुलेटप्रूफ जैकेट पर गोली लगी। जवाबी कार्रवाई में आरोपी के पैर में गोली लगी और उसे इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया। दो अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
पुलिस अब गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ के साथ-साथ CCTV फुटेज, फोरेंसिक साक्ष्यों और अन्य उपलब्ध जानकारी के आधार पर घटना में शामिल बाकी लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।
पीड़िता की पहचान उजागर करना कानूनन प्रतिबंधित
यह मामला नाबालिग से जुड़ा है, इसलिए उसकी पहचान बताने वाली कोई भी जानकारी—नाम, फोटो, वीडियो, पता या ऐसा विवरण जिससे उसकी पहचान हो सके—प्रकाशित नहीं किया जाना चाहिए। वायरल या आपत्तिजनक सामग्री को आगे प्रसारित करने से भी बचना चाहिए।
अभी तक की स्थिति: घटना में तीन आरोपियों के शामिल होने का आरोप है, एक आरोपी गिरफ्तार हो चुका है और दो की तलाश जारी है। मामले की जांच चल रही है और आरोपियों की अंतिम कानूनी जिम्मेदारी अदालत की प्रक्रिया के बाद तय होगी
